बिलासपुर। सीपत तहसील कार्यालय में कार्यरत बाबू की हार्ट अटैक से मौत हो गई है। शनिवार शाम को महिला तहसीलदार ने अपने चेम्बर में बुलाकर उसे जमकर फटकार लगाई थी। जिससे वह सदमे में आ गया था। जानकारों की माने तो तहसीलदार उस पर किसी काम को करने के लिए दबाव बना रही थी।

सीपत तहसीलदार तुलसी राठौर की कार्यशैली से क्षेत्र के लोग तो परेशान है ही सरकार की भी जमकर बदनामी हो रही है। अब तहसीलदार का एक नया कारनामा सामने आ रहा है जिसमे उसकी फटकार से एक बाबू को पहले हार्ट अटैक आया फिर उसकी मौत हो गई है। अब बाबू के परिजन तहसीदार के खिलाफ FIR दर्ज कराने की तैयारी में है। यही नही तहसीदार के इस दुर्ब्यवहार से सूर्यवंशी समाज मे भयंकर आक्रोश है और बड़ा आंदोलन करने की तैयारी की जा रही है। विभागीय सूत्रों की माने तो शनिवार को तहसीलदार तुलसी राठौर ने बाबू भरत लाल सूर्यवंशी को अपने चेम्बर में बुलाकर जमकर फटकार लगाई। तहसीलदार बाबू पर किसी काम को करने के लिए जबरन दबाव बना रही थी। लेकिन बाबू अपनी नौकरी खतरे में डालकर वो काम नही करना चाहता था। इसी बात को लेकर तहसीलदार ने बाबू को अपने चेम्बर में बुलाकर डांट फटकार के अलावा तरह तरह की बात बोलकर जलील भी किया। सालों की नौकरी करने के बाद तहसीलदार की बेवजह की फटकार उसे बर्दास्त नहीं हुआ और वह कार्यालय में हताश होकर बैठ गया। यही नही कुछ दे बाद वह रोने भी लगा और अपने साथी कर्मचारियों से कहने लगा कि मेडम की बात उसे बर्दास्त नही हो रहा है, उसे बेचैनी लग रही है, वो नही बच पाएगा। तब सहयोगी साथियों ने उसे ढाढस बंधाया और किसी तरह उसे घर भेजा। लेकिन तहसीदार के द्वारा कही गई बात उसके दिल और दिमाग मे गूंजता रहा। इसका नतीजा ये हुआ कि सदमे से रात 11 बजे हार्ट अटैक आ गया। परिजन को हॉस्पिटल ले जाने का अवसर भी नही मिला और उसकी मौत हो गई।
Author Profile

Latest entries
रायपुरOctober 2, 2026कोल लेवी मामले में विधायक देवेंद्र यादव को नोटिस, सूर्यकांत तिवारी की डायरी में है लेनदेन का जिक्र
बिलासपुरOctober 2, 2026खनिज विभाग की कार्रवाई में पहली बार 1 साल कारावास की सजा, 66 मामलों में हुई है FIR, और लोग भी जा सकते है जेल
बिलासपुरOctober 1, 2026अवैध कीटनाशक भंडारण पर कार्रवाई, गोदाम से 35 लाख की सामग्री जब्त, आरोपी के खिलाफ एफआईआर दर्ज
बिलासपुरOctober 1, 2026विकास तिवारी के बाद शिक्षा विभाग का एक और बाबू तत्काल प्रभाव से निलंबित, पदोन्नति और युक्तियुक्तकरण में भारी अनियमितता करने का है आरोप
