अरपा से रेत तो रेत मिट्टी तक कि हो रही है चोरी, तुरकाडीह का है मामला

बिलासपुर। अरपा नदी से रेत तो रेत मिट्टी तक कि चोरी हो रही है। खनिज विभाग भी इन रेत और मिट्टी चोरों के सामने लाचार है। जबकि मिट्टी चोर रोज 20 से 25 हाइवा मिट्टी निकाल के धड़ल्ले से बेच रहा है।

अरपा कई मामलों में जीवनदायनी है। पहले अरपा में सैकड़ों किसान सब्जी लगाकर अपना जीवन यापन करते थे। दूसरी ओर इसकी पानी के कारण शहर में पेयजल की समस्या नही रहती। छत्तीसगढ़ राज्य अलग बनने के बाद सैकड़ो रेत चोरो की रोजी रोटी चलने के साथ राजनीति भी चल रही है। कई रेत चोर तो आज धनपति बन गए है। ऐसा ही एक धनपति रेत चोर ठेके में पिछड़ने के बाद इन दिनों तुरकाडीह में मिट्टी चोरी कर रहा है। ये मिट्टी चोर प्रतिदिन 20 से 25 हाइवा मिट्टी निकालकर माल बनाने में ब्यस्त है। अभी से शुरू हुआ मट्टी चोरी का सिलसिला जून तक चलेगा और यदि नदी में जल्दी पानी नही आया तो जुलाई तक मिट्टी बेचके बोनस कटेगा। कुल मिलाकर जुलाई के पहले मिट्टी चोर तीन – करोड़ रुपए अंदर कर लेगा। अब इसमें कितना ऊपर-नीचे बंटेगा ये जांच का विषय हो सकता है। जानकारों की माने तो तुरकाडीह नदी में 3 से 4 लाख हाइवा मिट्टी निकलेगी, जो चोर को करोड़पति बनाने के लिए पर्याप्त है।

चोर ने तान दिया तंबू

मिट्टी चोर ने बाकायदा नदी के बीचों बीच तंबू तान दिया है। यहॉ पर रेत चोर के कर्मचारी दिनभर पहरा देते है। यही नही मिट्टी चोर ने यहां पर स्थायी रूप से एक पोकलेन रख दिया है। सुबह से ही मिट्टी सप्लाई के लिए गाड़ियां लग जाती है।

गहरीकरण के लिए लीज का आवेदन

तुरकाडीह में नदी के जिस स्थान से मिट्टी की चोरी हो रही है वहां पर एक डेम है। जिसे तुरकाडीह डेम कहा जाता है। मिट्टी चोर ने इसी डेम का गहरीकरण करने के लिए लीज देने आवेदन दिया है। लीज अभी स्वीकृत नही हुई है और पोकलेन से खुदाई शुरू हो गई है।

00 मैंने मना किया था
अशोक प्रजापति बांध से मिट्‌टी निकाल रहा है। मैंने खुद उसे ऐसा करने से मना किया था। मैंने जब पता लगाया तो मालूम हुआ कि उसे लीज अभी मिला नहीं है। उसने आवेदन किया है। उसने खुदाई बंद कर दिया है। एनएच के ठेकेदार ने भी यहां अवैध उत्खनन किया था।।

संतोष पटेल, सरपंच तुरकडीह

उसके खिलाफ पहले भी जुर्माना हुआ
अशोक प्रजापति के खिलाफ तुरकाडीह में ही अवैध उत्खनन के मामले में पहले भी जुर्माना हुआ है। जुर्माना वसूल भी किया गया है। फिर से छापेमारी कर प्रकरण दर्ज किया जाएगा। उसने शायद लीज के लिए आवेदन किया है।

अनिल साहू, सहायक खनिज अधिकारी

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नीरजधर दीवान /संपादक - मोबाइल नंबर 8085229794
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